

(ooh) अयोध्या में आई खुशियाँ,
राम जन्मा, सब हर्षाए दीप जले,
घंटे बजे,
देवताओं ने फूल बरसाए बाल राम नटखट मुस्काए,
भाइयों संग महल में खेले शरारतों से सबका दिल चुराया,
राम नाम से सारा जग पुकारे
कैकेयी ने वरदान माँगा,
राम को मिला वनवास
(हाए) राम-सीता-लक्ष्मण वन गए,
जटायु ने दिया बलिदान
रावण ने सीता हर ली,
हनुमान ने समुद्र पार किया
लंका में सीता को खोजा,
राम का संदेश पहुँचाया
जय श्रीराम, जय श्रीराम रामायण की यह कथा,
जन्म-मरण से परे
प्रेम, करुणा, और धर्म का पाठ सीता-राम,
लक्ष्मण, हनुमान, सबके मन में बसते हैं
राम-नाम जपो, यही सार है,
यही आधार है,
जय श्रीराम, जय श्रीराम
वानर सेना ने पुल बनाया,
लंका युद्ध भयानक हुआ कुंभकर्ण,
मेघनाद मारे गए,
राम ने रावण को हराया
सीता अग्नि से निकलीं,
अयोध्या वापसी हुई
दीपोत्सव मनाया, राम राज्य सुख-शांति लेकर आया (जय श्रीराम)
राम ने सीता वन भेजा,
लव-कुश बड़े हुए आश्रम में
राम कथा सुनकर राम भावुक हुए,
सीता धरती में समाई
राम ने अपना धाम लिया,
अयोध्या रोई, सबने पुकारा राम-राम पर राम सबके मन में बस गए,
उनकी कथा अमर हो गई
(राम... राम... राम...)