

कैकेयी ने
माँगा वरदान,
राम को
मिला वनवास
सुनकर
अयोध्या
शोक में डूबी,
राम ने कहा
यही मेरा
धर्म
राम वन
को
जाएंगे,
पिता
का वचन निभाएंगे
त्याग की
मूरत
राम,
सबको धर्म का पाठ पढ़ाएंगे
राम
ने
कहा माताओं से,
मैं जाऊँगा वन,
मुझे रोको ना
पिता का वचन
सत्य है,
यही
मेरा सुख
है
राम ने लिया
वनवास,
त्याग की मूरत
राम का
आशीर्वाद,
सबको धर्म का रास्ता दिखाता है